Text selection Lock by Hindi Blog Tips

Wednesday, 2 January 2013

प्रकृति















 सुबह सवेरे आँख

 खुली तो देखा

आहा ,प्रकृति ने

 कितनी सुन्दर

 छटा है  बिखेरी

 अनुपम है जिसकी आभा

 विस्मित उसकी रंगत 

ओढ़ कोहरे की चुनरिया ..

 बदलो की ओट से

 निहारता सूरज,जिसका

 कुदरती  केसरिया  रंग 

जगत में महकते  मुस्काते,

मनमोहक फूलों से सजी महफ़िल 

रंगबिरंगी तितलियाँ 

गुंजन करते भँवरे ...

ठंडक लिए मौसम 

साथ में,

गरम चाय का प्याला 

और तुम .........

                    **नीता परिहार **



2 comments:

  1. वाह, ठंडक लिए मौसम
    साथ मे गरम चाय का प्याला

    और

    तुम...., आनंद आगया,

    ReplyDelete
  2. गरम चाय पीकर आनंद आया ना दी ...:)

    ReplyDelete